
नजर न्यूज नेटवर्क/ मुख्य संवाददाता
वाराणसी। देश प्रदेश के युवाओं को प्राचीन भारतीय शास्त्रीय संगीत एवं लोककला से जोड़ने के उद्देश्य स्पिक मैके के संस्थापक पद्मश्री डॉ किरण सेठ पूरे भारत में साइकिल यात्रा के माध्यम से लोगों को जागरूक एवं सन्देश दे रहें हैं। चार दिन के प्रवास के दौरान उन्होंने वाराणसी के विभिन्न स्कूल कॉलेजों एवं विश्वविद्यालय में शिक्षकों विद्यार्थियों को स्पिक मैके से जुड़कर शास्त्रीय संगीत एवं लोक कला के प्रचार प्रसार में योगदान देने का आह्वान किया। उन्होंने काशी में अपना 75वां जन्मदिन बनारस घराने के ख्यातिप्राप्त कलाकारों एवं बच्चों के बीच मनाया। काशी विश्वनाथ मंदिर एवं संकटमोचन मंदिर में दर्शन पूजन भी किया। संकटमोचन मंदिर के महंत पं डॉ विश्वम्भर नाथ मिश्र से भी मुलाक़ात की। रविवार को आईआईटी बीएचयू के मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग में वाराणसी के शिक्षाविद चिकित्सकों इंजीनियर समाजसेवियों एवं विभिन्न स्कूल कॉलेज के विद्यार्थियों से संवाद स्थापित किया और उन्हें स्पिक मैके के नये स्वयंसेवक के रूप में पदभार ग्रहण कराया और शास्त्रीय संगीत एवं सांस्कृतिक विरासत को सहेजने हेतु लोगों से जुड़कर प्रचार प्रसार एवं एकाग्रता एवं धैर्य से कार्य करने की सलाह दी। उन्होंने सभी स्वयंसेवकों को मतदान अवश्य करने की शपथ दिलाई। उन्होंने अपने सम्बोधन में कहा कि संगीत में अवसाद को कम करने की एक अद्भुत शक्ति है रात में शास्त्रीय संगीत सुनने पर जब सुबह ब्रेन मैपिंग कराया गया तो डिप्रेशन लगभग जीरो मापा गया है। सोमवार को उनकी साइकिल यात्रा सुबह बसंत कन्या महाविद्यालय राजघाट से शुरू हुईं जो भदोही होते हुए प्रयागराज जायेगी और लखनऊ में जाकर समाप्त होगी। बीच में वह अयोध्या में श्री राम मंदिर में जाकर श्री रामलला का दर्शन भी करेंगे। उनकी सफल साइकिल यात्रा के लिए स्पिक मैके यूपी के चेयर पर्सन उमेश चंद्र सेठ बीना सेठ प्रदेश समन्वयक डॉ मधु शुक्ला प्रदेश कोषाध्यक्ष डॉ शुभा सक्सेना सहसमन्वयक डॉ विभा सिंह, प्रो राजेश उपाध्याय,डॉ लक्ष्य, डॉ हनुमान गुप्ता,मेघना कश्यप, शिव प्रसाद, सत्या भूमि मीडिया प्रभारी पवन सिंह, मनोज जायसवाल सहित स्पिक मैके से जुड़े सभी युवा सदस्यों ने उनके आगामी साइकिल यात्रा को सफलतापूर्वक पूर्ण होने की शुभकामनाएं दी।
