
वाराणसी।काशी साहित्यिक संस्थान ट्रस्ट का तीसरा वार्षिक उत्सव आयोजन बुधवार को पराड़कर भवन वाराणसी में सम्पन्न हुआ।जिसमें देश के विभिन्न क्षेत्रों के रचनाकार समारोह में शामिल हुए।
कार्यक्रम का शुभारंभ मंगलाचरण व सरस्वती वंदना से हुई।
समारोह में ममता तिवारी की पुस्तक नील नलीनी,डॉ मंजु गुप्ता कछावा की गज़ल संग्रह, सुनीता जौहरी की स्त्री, अनिकेत रंजन की पिता,सुनीलानंद की अजस्र बहते मोती का विमोचन मुख्य अतिथि ने किया । नील नलीनी पुस्तक एक खंड काव्य है जिसमें मानवछंद पर आधारित 1011 पदों का समावेश है। इस पुस्तक में प्रेम, समर्पण व त्याग को दर्शाया गया है।हमें नील नलीनी की एक अलग ही दुनिया में ले जाता है।
समारोह में भारतेन्दु हरिश्चन्द्र साहित्य सम्मान डॉ मंजु,राम समुद्रे,पुष्पा श्रीवास्तव, शैली, मणिबेन द्विवेदी,डॉ माधवी मिश्रा, शुचि, ललिता, रितु दीक्षित,राम बहाल कवि,उमाशंकर मणि, राज नारायण गुप्ता कैमी, सौदागर सिंह,कौशल किशोर मणि को सम्मानित किया गया।
नव कोंपल साहित्य सम्मान बाल कवि मयंक सेठ, वर्षा मनोज द्विवेदी को मिला।
मुख्य अतिथि ओमप्रकाश त्रिपाठी ओम, डॉ मुक्ता तथा विशिष्ट अतिथि प्रो. रचना शर्मा, तथा अध्यक्षता सुनीता जौहरी ने की।
इस कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ माधवी मिश्रा शुचि व ललिता धन्यवाद ज्ञापन सुनीता जौहरी ने किया।
