
श्री काशी विश्वनाथ मंदिर प्रांगण में नौ दिवसीय आयोजन
वाराणसी।श्री काशी विश्वनाथ मंदिर प्रांगण में आयोजित नौ दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान यज्ञों वै विष्णु: कार्यक्रम के अन्तर्गत बुधवार को प्रात: कार्यक्रम संयोजक एवं मुख्य आचार्य पंडित जगन्नाथ शास्त्री के नेतृत्व मे श्री महाविष्णु व्रत, तुलसी दलार्चनम एवं सालीग्राम की पूजा की गयी।
त्रंबकेश्वर हाल में दक्षिण भारत से आए हुए वैदिक विद्वानों ने श्री सीतारामचंद्र कल्याण, श्री रुक्मिणी वेणुगोपालस्वामी शांति कल्याणोत्सव की विधि-विधान से पूजा की।
कार्यक्रम के मीडिया संयोजक चक्रवर्ती विजय नावड ने बताया कि तेलगु वैभवम के अन्तर्गत आवधान सप्ताह में डॉ ताता संदीप शर्मा शता वधानी की अध्यक्षता में श्री कृष्णदेव राय सभा में निज़ामाबाद से आयी अवधानी पद्मकोकिला डॉ बोडकर ओमप्रकाश ने काव्य पाठ किया।
नीलकंठ महादेव मंदिर के पास चल रहे वैदिक यज्ञ में 11 वैदिक ब्राह्मणों द्वारा एक लाख 116 बिल्व फल से हवन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान पं नोरी कल्याण सुंदर एवं ब्रह्मश्री नोरी सुब्रमण्यम शास्त्री की देखरेख में श्री चक्रनवावरण की सामुहिक अर्चना की गई। श्री राम कवचम प्रताप शर्मा के नेतृत्व में वेद की सभी शाखाओं को समर्पित 16 शिवलिंगों का वैदिक मंत्रोच्चार के साथ अभिषेक किया गया। इस अवसर पर जगतगुरु शंकराचार्य कांची पीठाधीश्वर श्री शंकर विजेंद्र सरस्वती जी महाराज के प्रतिनिधि एवं कांची मठ के प्रबंधक वी एस सुब्रमण्यम मणि जी को ब्रह्मश्री डॉ सामवेद षणमुख शर्मा एवं कार्यक्रम के मुख्य संयोजक जगन्नाथ शास्त्री ने अंगवस्त्रम एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से पुष्पगिरि पीठाधिपति एवं जगतगुरु श्री श्री अभिनवोद्दंड विद्या शंकर भारती स्वामी,कांची मठ के प्रबंधक वी सुब्रमण्यम मणि, यनामंद्र सुब्रमण्यम शास्त्री, श्री अमृतानंद स्वामी,आंध्रा आश्रम के ट्रस्टी वी वी सुंदर शास्त्री, विश्वनाथजी ,एन वेंकटेशम,विशालाक्षी जगन्नाथ सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित थे।
