
वाराणसी। नागरिक सुरक्षा प्रधान कार्यालय (चेतगंज) में भारत सरकार द्वारा आयोजित क्षमता निर्माण प्रशिक्षण का शुभारंभ शुक्रवार को मुख्य अतिथि एडीएम सिटी आलोक कुमार वर्मा ने किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि आपदा एवं आपात परिस्थितियों में नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवक प्रशासन की एक मजबूत कड़ी होते हैं। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम स्वयंसेवकों की दक्षता, तत्परता और कार्यक्षमता को और अधिक सुदृढ़ करते हैं, जिससे संकट की घड़ी में जन-धन की रक्षा प्रभावी ढंग से की जा सके।
कार्यक्रम में उप नियंत्रक नागरिक सुरक्षा जेडी सिंह, चीफ वार्डेन विनोद गुप्ता तथा डिप्टी चीफ वार्डेन अविनाश अग्रवाल ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया। उप नियंत्रक जेडी सिंह ने बताया कि वार्डेन एवं स्वयंसेवकों के लिए आयोजित यह क्षमता निर्माण प्रशिक्षण तीन चरणों में संपन्न कराया जाएगा, जिसमें कुल 360 स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया जाएगा। प्रशिक्षण का दूसरा चरण 27 जनवरी से तथा तीसरा चरण 3 फरवरी से प्रारंभ होगा।
उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य स्वयंसेवकों को आपदा प्रबंधन, राहत एवं बचाव कार्यों के प्रति दक्ष बनाना तथा आपात स्थितियों में प्रभावी भूमिका निभाने के लिए तैयार करना है। कार्यक्रम का संचालन एडीसी इरफानुल होदा ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन डिवीजनल वार्डेन संजय कुमार राय ने किया। प्रशिक्षण के संयोजन में एडीसी विवेक कुमार एवं इरफानुल होदा की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
इस अवसर पर नागरिक सुरक्षा के अनेक पदाधिकारी एवं स्वयंसेवक उपस्थित रहे, जिनमें चीफ वार्डेन विनोद गुप्ता, डिप्टी चीफ वार्डेन अविनाश अग्रवाल, डिवीजनल वार्डेन संजय कुमार राय, वी.वी. सुन्दर शास्त्री, निधिदेव, मंगला प्रसाद, ओमप्रकाश श्रीवास्तव, डिप्टी डिवीजनल वार्डेन अरविन्द कुमार विश्वकर्मा, एनडीआरएफ इंस्पेक्टर श्रीनिवास मीणा, बरेका सीडीआई सुनील कुमार, सीबी सिंह, सम्पूर्णानंद मिश्रा, अभिषेक जायसवाल एवं अंजनी कुमार सिंह शामिल रहे।
