वाराणसी। शासन द्वारा वर्ष 2023-24, 2024-25 व 2025-26 के खरीफ व रबी मौसम में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना एवं पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना की कार्ययोजना जारी किया गया है। योजना को जनपद में संचालित करने हेतु एस0बी0आई0 जनरल इन्श्योरेन्स कम्पनी लि0 को नामित किया गया है।
उक्त जानकारी देते हुए मुख्य विकास अधिकारी हिमांशु नागपाल ने बताया कि योजना के अन्तर्गत प्रतिकूल मौसमीय स्थितियों से अधिसूचित फसलों को क्षति होने की स्थिति में बीमित कृषकों को बीमा कवर/क्षतिपूर्ति प्रदान किया जाता है। जनपद में खरीफ मौसम हेतु अधिसूचित फसलें-धान, मक्का, बाजरा, ज्वार, उर्द, अरहर, केला एवम् मिर्च है। फसल की बुवाई न कर पाना/असफल बुवाई, फसल की मध्य अवस्था में क्षति, खड़ी फसलों को प्राकृतिक आपदाओं, रोगों, कीटों से क्षति, ओलावृष्टि, जलभराव, बादल फटना, भूस्खलन, बिजली गिरने से क्षति, फसल कटाई के उपरान्त आगामी 14 दिन की अवधि तक खेत में सुखाई हेतु रखी हुई फसल को ओलावृष्टि, चक्रवात, बेमौसम/चक्रवाती वर्षा से नुकसान की जोखिम को कवर किया गया है। यह योजना स्वैच्छिक आधार पर लागू किया गया है। यदि ऋणी कृषक योजना में शामिल नही होना चाहते है तो ऐसी स्थिति में अपने बैंक शाखा स्तर पर बीमा कराने की अन्तिम तिथि के 7 दिन पहले तक योजनान्तर्गत प्रतिभागिता नही करने के सम्बन्ध में लिखित रूप से अवगत कराना होगा। गैर ऋणी कृषक अपना आधार कार्ड, स्व प्रमाणित फसल बुवाई का घोषणा पत्र, नवीनतम खतौनी की नकल, बैंक पासबुक की छायाप्रति (आई0एफ0एस0सी0 कोड सहित) के साथ निकट के कामन सर्विस सेंटर अथवा बैंक शाखा से फसल पर देय प्रीमियम अंश को जमा करते हुए अपनी फसल का बीमा करा सकते है। खरीफ मौसम में योजना में भागीदारी की अन्तिम तिथि 31 जुलाई, 2024 है।
