
रिपोर्ट :- उपेन्द्र कुमार पांडेय, आजमगढ़
आजमगढ़।मण्डलायुक्त मनीष चौहान ने स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए तीनों जनपद के जिलाधिकारियों से कहा कि जनपदों में उपलब्ध एम्बूलेंस 102 व 108 के संचालन की नियमित रूप से चेकिंग करायें।
उन्होंने कहा कि कतिपय स्थानों पर फर्जी जन्म प्रमाण पत्र निर्गत होने के तथ्य को गंभीरता से लिया जाय तथा इस ओर सतर्क निगाह रखी जाये। मण्डल के जनपदांे में एमएमयू (मोबाइल मेडिकल यूनिट) के कार्यों के सम्बन्ध में अपर निदेशक, स्वास्थ्य ने बताया कि आजमगढ़ में 5, बलिया में 4 एवं मऊ में 2 एमएमयू कार्यरत हैं, जिनके द्वारा आजमगढ़ में 7360, बलिया में 5824 एवं मऊ में 2531 ओपीडी मरीज देखे गये तथा दवाईयॉं वितरित गयी। मण्डलायुक्त श्री चौहान ने मत्स्य पालन को एनआरएलएम से जोड़ने हेतु समूहों को प्रेरित करने पर जोर देते हुए तीनों जनपद के मुख्य विकास अधिकारियों को इस दिशा में प्रभावी कार्यवाही कराने का निर्देश दिया। निर्माण कार्यों की समीक्षा में पाया गया कि वर्तमान वित्तीय वर्ष में जनपद आजमगढ़ में 47.42 प्रतिशत, बलिया में 52.56 प्रतिशत एवं 37.71 प्रतिशत परियोजनायें पूर्ण हो चुकी हैं। उन्होंने जिलाधिकारी मऊ को इस ओर ध्यान देकर निर्माण कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया। मण्डलायुक्त श्री चौहान ने आईजीआरएस सन्दर्भों के सम्बन्ध में समस्त मण्डलीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि जो भी सन्दर्भ लम्बित हैं उसे तत्काल पूर्ण गुणवत्ता के साथ निस्तारित करायें। इसके अलावा असन्तुष्ट फीडबैक प्राप्त सन्दर्भों पर भी त्वरित कार्यवाही की जाय।
बैठक में जिलाधिकारी आजमगढ़ नवनीत सिंह चहल, जिलाधिकारी बलिया प्रवीण कुमार लक्षकार, जिलाधिकारी मऊ प्रवीण मिश्र, सीडीओ बलिया ओजस्वी राज, सीडीओ मऊ प्रशान्त नागर, अपर आयुक्त-न्यायिक शमशाद हुसैन, संयुक्त विकास आयुक्त धर्मेन्द्र प्रताप सिंह, वन संरक्षक डा.बीसी ब्रम्हा, मुख्य अभियन्ता, लोनिवि योगेन्द्र सिंह, डीडीओ आजमगढ़ संजय कुमार सिंह, मण्डलीय अर्थ एवं संख्या अधिकारी डा. नीरज श्रीवास्तव, उप निदेशक, मत्स्य डा. आर0के0 गौड़, उप निदेशक, समाज कल्याण सहित अन्य विभागों के मण्डलीय अधिकारी उपस्थित थे।
