
वाराणसी। चंदौली के सांसद वीरेंद्र सिंह ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि डॉ. संपूर्णानंद स्टेडियम का नाम बदलने का कुचक्र रचा जा रहा है। जिसे हम लोग और काशी की जनता बर्दाश्त नहीं करेगी। क्योंकि डॉ. संपूर्णानंद के नाम के साथ काशी के लोगों की भावनाएं जुड़ी हुई हैं। मुगलसराय के नए नामकरण के समय भी पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के नाम की अवहेलना की थी। उसका कुछ और नाम रख दिया गया। उस समय भी वहां के आम लोगो की भावनाओं को कुचलने के काम किया गया था। उन्होंने आगे कहा कि नरेंद्र मोदी देश के प्रधानमंत्री हैं न कि सिर्फ भाजपा के प्रधानमंत्री हैं। परंपरा यह रही है कि प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री किसी जनपद में आयोजित किसी कार्यक्रम में जाते है तो प्रोटोकॉल सभी दलों के सांसद, विधायक और जनप्रतिनिधियों को जाता है। लेकिन इस संवैधानिक दायित्व का पालन नहीं किया जा रहा है जो खेद का विषय है।
