उद्यमिता जागरूकता कार्यक्रम

 

 

वाराणसी। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय द्वारा प्रायोजित तथा विस्तार इकाई, सुगन्ध एवं सुरस विकास केन्द्र कानपुर और साई इंस्टिट्यूट ऑफ रूरल डेवेलपमेंट के संयुक्त तत्वावधान में सुगंधी एवं औषधीय इससे संबंधित उद्योग की जागरूकता के लिये उद्यमिता जागरूकता कार्यक्रम नगर पालिक परिषद मुग़लसराय के सभागार में आयोजित किया गया। जिसमें चंदौली जनपद के युवा, महिलाएं एवं क्षेत्रीय कृषको ने भाग लिया। साई इंस्टीट्यूट ऑफ रुरल डेवलपमेंट के निदेशक अजय सिंह ने सभी अतिथियों का परिचय कराया। स्वागत सेवन डेज फाउंडेशन की निदेशक कोमल गुप्ता ने किया। सुगन्ध एवं सुरस विकास केंद्र के डॉ भक्ति विजय शुक्ला ने सुगंधि एवं औषधीय की खेती कर कैसे इसका व्यावसायिक उपयोग किया जा सकता है तथा कैसे इससे सम्बंधित उद्यम स्थापित किया जा सकता है इसकी जानकारी दी। चंदौली के आस पास कौन कौन सी सुगन्धित पौधों की खेती हो सकती है इस पर विशेष रूप से लेमनग्रास, सिट्रोनिला तथा पमारोसा आदि की विशेष चर्चा की। पुष्कल त्रिपाठी ने उद्योग में बौद्धिक संपदा अधिकार के बारे में तथा इसकी उपयोगिता के बारे में बतलाया। नीतिन सहेजी ने अगरबत्ती धूपबत्ती कुटीर उद्योग के बारे में तथा यह उद्योग महिलाओं के लिए कैसे उपयोगी है इसके के बारे में जानकारी दी। सुगन्ध एवं सुरस विकास केन्द्र के डॉ भक्ति विजय शुक्ला ने भारत सरकार से उद्योग स्थापित करने के।लिए मिलने वाली विभिन्न सुविधाओं के बारे में बतलाया तथा उद्योग लगाने की उत्तर प्रदेश तथा भारत सरकार विभिन्न योजनाओं के बारे में विशेष कर वित्तिय सहायता वाली योजनाओं के बारे में अवगत कराया। धन्यवाद ज्ञापन अनुपमा दुबे ने किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *