
आरडब्ल्यूटीपी बसनी को राष्ट्रीय ग्रामीण प्रौद्योगिकी केंद्र बनाने पर मंथन
वाराणसी। विकास भवन में शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण बैठक में ग्रामीण तकनीक, महिला सशक्तिकरण और नवाचार आधारित आजीविका को लेकर सारगर्भित चर्चा हुई। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार सिंह (आईएएस) और साईं इंस्टिट्यूट ऑफ रूरल डेवलपमेंट, बसनी के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। साईं इंस्टिट्यूट के निदेशक अजय कुमार सिंह ने मुख्य विकास अधिकारी से शिष्टाचार भेंट कर प्रदेश के प्रथम ग्रामीण महिला प्रौद्योगिकी पार्क (आरडब्ल्यूटीपी), बसनी को राष्ट्रीय स्तर के “ग्रामीण प्रौद्योगिकी केंद्र” के रूप में विकसित करने की विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत की। बैठक में ग्रामीण महिलाओं के कौशल विकास, तकनीकी प्रशिक्षण, नवाचार, मूल्यवर्धित उत्पाद निर्माण तथा सतत आजीविका को सुदृढ़ करने की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। मुख्य विकास अधिकारी ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे ग्रामीण महिलाओं के लिए अत्यंत उपयोगी, प्रेरणादायक और परिवर्तन लाने वाला मॉडल बताया।
इस अवसर पर साईं इंस्टिट्यूट की ओर से महिला समूहों द्वारा तैयार किए गए हस्तनिर्मित कागज़ी पुष्पगुच्छ एवं मंदिरों में अर्पित फूलों से बनाए गए प्राकृतिक उत्पाद मुख्य विकास अधिकारी को भेंट किए गए। उन्होंने इन उत्पादों की गुणवत्ता एवं सृजनशीलता की प्रशंसा की।
मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार सिंह (आईएएस) ने साईं इंस्टिट्यूट के आमंत्रण को स्वीकार करते हुए शीघ्र ही बसनी स्थित प्रौद्योगिकी पार्क के स्थल निरीक्षण हेतु सहमति दी। उनका सकारात्मक व्यवहार, संवेदनशील दृष्टिकोण और त्वरित संवाद शैली संस्थान के लिए प्रोत्साहन का स्रोत बनी।साईं इंस्टिट्यूट परिवार ने मुख्य विकास अधिकारी के मार्गदर्शन एवं सहयोग के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया।
