
वाराणसी। अर्दली बाजार जिला समाजवादी पार्टी कार्यालय में गोंड वीरांगना महारानी दुर्गावती का बलिदान दिवस मनाया गया। विचार गोष्ठी में वक्ताओं ने कहा कि महारानी दुर्गावती गढ़ मंडला की शासक थीं। उनके शासनकाल में जबलपुर उनके राज्य का प्रमुख केंद्र था। इस अवसर पर लोगों ने उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किया। अध्यक्षता करते हुए जिला महासचिव आनन्द मौर्या ने कहा कि महारानी का जन्म 5 अक्टूबर 1524 को हुआ था। वह 16वीं शताब्दी की महान गोंडवाना शासक थीं। 24 जून 1564 को मुगल साम्राज्य से लड़ते हुए उन्होंने वीरगति प्राप्त की। महारानी वीर और बहादुर होने के साथ कुशल प्रशासक भी थीं। संचालन करते हुए जिला प्रवक्ता संतोष यादव बबलू एडवोकेट ने कहा कि उनकी शहादत एक प्रेरणा है और उनका साहस भारतीय युद्धकला और नेतृत्व के इतिहास में एक अमूल्य धरोहर के रूप में सदैव जीवित रहेगा। रानी दुर्गावती का जीवन साहस, संघर्ष और नायकत्व का प्रतीक बन चुका है। उन्होंने 51 युद्धों में विजय प्राप्त की और अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए बलिदान दिया। इस अवसर पर डॉ उमाशंकर सिंह यादव, पूजा यादव, सुनील सोनकर, हीरू यादव, गोपाल पाण्डेय, अखिलेश यादव, रमेश वर्मा, काली प्रसाद गौड़, रामकुमार यादव, रामसिंह भारद्वाज, नंदलाल कन्नौजिया, संजय पहलवान, रमापति राजभर, सचिन प्रजापति, राजेंद्र प्रसाद, डॉ० राजेंद्र प्रसाद सोनकर, मनोज यादव, कमलकांत प्रजापति, वंशनारायण सेठ, विष्णु पटेल, गुलाब प्रसाद, मुन्ना प्रधान, श्रवण चौधरी व विनोद शुक्ला आदि थे।
