काशी के माटी के लाल राजवंत शर्मा है इसके निर्माता

 

 

वाराणसी । मन में अगर जज्बा हो तो उम्र कोई मायने नहीं रखती यह सिद्ध कर दिया है महामना की बगिया के आईटी बीएचयू के सिविल इंजीनियरिंग बिभाग से शिक्षा प्राप्त एक छात्र राजवंत शर्मा ने। उत्तर प्रदेश सरकार के सिंचाई विभाग में राजपत्रित अधिकारी से सेवानिवृत होने के बाद इनके अंदर कुछ करने की करने का जज्बा जगा और यह बनारस छोड़कर मुंबई चले गए वहां कुछ दिनों तक संघर्ष करने के बाद फिल्म निर्देशक अर्जुन राज से इनका संपर्क हुआ और इन दोनों लोगों ने मिलकर युवाओं की सच्ची घटना पर आधारित ‘खेल पासपोर्ट का’ नाम से एक फिल्म का निर्माण किया। फिल्म ‘खेल पासपोर्ट का’ उन युवाओं के सच्चे जीवन पर आधारित है जो बेहतर जीवन जीने की तलाश में विदेश जाना चाहते हैं लेकिन पासपोर्ट धोखाघड़ी के जाल में फंस जाते हैं। फिल्म में दिखाया गया है कि एक इंसान की जिंदगी में कागजात का क्या महत्व होता है अगर यह गलत हाथों में लग जाए तो जीवन भी बर्बाद कर सकता है। यह फिल्म देशभक्ति पर आधारित है जो फिल्म देखने के बाद मालूम हो जाएगा। फिल्म में एक्शन, इमोशनल, देशभक्ति का जज्बा भरपूर भरा है। जिसे देखकर आज की युवा पीढ़ी वह काफी सीख मिलेगी और वह एक कड़वी सच्चाई से भी परिचित होंगे।

1973 में बीएचयू आईटी से पास आउट फिल्म निर्माता, अभिनेता व पेशे से इंजीनियर राजवंत शर्मा ने बताया कि मन में कुछ करने की इच्छा हो तो उम्र कोई मायने नहीं रखती है । जून 2019 में जब उनकी पत्नी का देहांत हुआ तो उनको लगा कि उनका जीवन खत्म हो गया है। लेकिन समाज के लिए कुछ करने की ललक उनको मुंबई की ले गई । वहां पर हमारी मुलाकात डायरेक्टर अर्जुन राज से हुई और उन्होंने ऐसी फिल्म का निर्माण करने की इच्छा व्यक्त की जिससे समाज खासकर युवा वर्ग काफी परेशान है । मेरे मन में पासपोर्ट को लेकर चल रही फर्जी गिरी की तस्वीर झलक गई और वह इसी पर आधारित एक फिल्म बनाने का बात मन मे ठान ली और फिल्म ‘खेल पासपोर्ट का’ निर्माण शुरू हो गया। फिल्म के निर्देशक अर्जुन राज ने उनके अंदर छिपी प्रतिभा को देखकर उनसे अभिनय करने के लिए भी कहा। उनके कहने पर हमने इस फिल्म में एक महत्वपूर्ण भूमिका भी निभाई है । ये फिल्म उन युवाओं की कहानी है जो विदेश में जाकर अपने सपने को सच करना चाहते हैं लेकिन गलत लोगों के जाल में फंसकर वह पासपोर्ट धोखाघड़ी के जाल में फंसकर अपना जीवन बर्बाद कर देते हैं। फिल्म 10 अक्टूबर को बाबा विश्वनाथ की नगरी काशी एवं देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के संसदीय क्षेत्र में रिलीज हो रही हैं ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *