
वाराणसी। जिला समाजवादी पार्टी कार्यालय अर्दली बाजार में संविधान दिवस मनाया गया। इस अवसर पर आयोजित विचार गोष्ठी में वक्ताओं ने संविधान की रक्षा एवं उसमें कहीं गई बातों का अनुसरण करने का संकल्प लिया। अध्यक्षता करते हुए जिलाध्यक्ष सुजीत यादव लक्कड़ ने कहा कि भारत का संविधान महज एक दस्तावेज नहीं है, यह भारत की आत्मा और हजारों साल का इतिहास है। उन्होंने कहा कि 140 करोड़ भारतीयों को उम्मीद देने वाला एक जीवंत दस्तावेज संविधान ही है जो भारत में न्याय, समानता, समावेशिता और लोकतंत्र के आदर्शों को जीवित रखता है। संचालन करते हुए जिला प्रवक्ता संतोष यादव बबलू एडवोकेट ने कहा कि भारत का संविधान दुनिया का सबसे लंबा लिखित संविधान है। इसमें 448 अनुच्छेद, 12 अनुसूचियां और 25 भाग हैं। इसकी विशालता का कारण यह है कि इसमें भारत की विविधता और जटिलताओं को अपने भीतर समय हुए हैं। डॉ बी. आर. अंबेडकर की अध्यक्षता में 26 नवंबर 1949 में भारत के संविधान को अपनाया गया था। इसीलिए हर वर्ष 26 नवम्बर को संविधान दिवस मनाया जाता है। हालांकि इसे लागू दो महीने बाद 26 जनवरी 1950 को किया गया था।
इस अवसर पर जिलाध्यक्ष आत्माराम यादव, विष्णु शर्मा, उमाकांत त्रिपाठी, रामसिंह यादव, भीष्म नारायण, नन्दलाल कन्नौजिया, हीरू यादव, सचिन प्रजापति, संजय पहलवान, रामसिंह राजभर, रामकुमार यादव, दिनेश चौधरी, राजेंद्र प्रसाद, धर्मवीर पटेल, पार्वती कन्नौजिया, नीलेश यादव, विनोद मास्टर, सुशील विश्वकर्मा व विनोद शुक्ला ने विचार व्यक्त किया।
*भवदीय*
*सन्तोष यादव बबलू एड0*
*(जिला प्रवक्ता/मीडिया प्रभारी)*
*समाजवादी पार्टी वाराणसी।*
