
रिपोर्ट अनुपम भट्टाचार्य
वाराणसी।स्व. चल्ला कृष्ण शास्त्री जी के पुण्य स्मृति में सोनारपुरा स्थित श्री श्री चिंतामणि गणेश मंदिर में सप्त दिवसीय संगीतमय श्रीरामचरित मानस व्यास नीलमणि दीदी लक्ष्मी बड़ी दीदी के मुखारविंद से रामचरितमानस का कथा श्रवण करने को मिला।
इस अवसर पर श्री श्री चिंतामणि गणेश भगवान का भव्य श्रृंगार किया गया था।
चिंतामणि गणेश मंदिर के महंत चल्ला सुब्बाराव शास्त्री ने दीदी के मुखारविंद से मंगलवार को हनुमान जी की विशेषताएं बताई गई गोस्वामी तुलसीदास जी के ‘रामचरितमानस’ की एक प्रसिद्ध चौपाई है सीय राममय सब जग जानी। करउँ प्रनाम जोरि जुग पानी॥” अर्थ है “मैं इस पूरे संसार को सिया और राम से भरा हुआ (व्याप्त) जानता हूँ, इसलिए मैं दोनों हाथ जोड़कर प्रणाम करता हूँ।” यह चौपाई हर प्राणी में ईश्वर के दर्शन और सर्वत्र प्रेम-भाव रखने का संदेश देती है.
इस दौरान मंदिर प्रांगण में कथा श्रवण के लिए बडी संख्या में श्रद्धालुगण उपस्थित रहे।
