
वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय के सामाजिक विज्ञान संकाय स्थित एच एन मेमोरियल सभागार में शुक्रवार को सामाजिक विज्ञान संकाय काशी हिन्दू विश्वविद्यालय एवं स्वदेशी जागरण मंच काशी महानगर के संयुक्त तत्वावधान में भारत अमेरिका व्यापार समझौता और भारतीय बजट अभिषेक संगोष्ठी का आयोजन हुआ। संगोष्ठी का शुभारंभ मुख्य अतिथि झारखंड विश्वविद्यालय के कुलाधिपति प्रोफेसर जयप्रकाश लाल, विशिष्ट अतिथि मणिपुर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रोफेसर आद्या प्रसाद पांडे एवं डीएवी पीजी कॉलेज में अर्थशास्त्र के प्रोफेसर डॉ अनूप कुमार मिश्रा ने महामना के चित्र पर मालार्पण एवं दीप प्रज्वलन करके किया।
संगोष्ठी को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि एवं मुख्य वक्ता झारखंड विश्वविद्यालय के कुलाधिपति प्रोफेसर जयप्रकाश लाल ने कहा कि अमेरिका से जो व्यापार समझौता किया है वह आज के समय को देखते हुए देश के अनुकूल है लेकिन सरकार को कृषि के क्षेत्र में अमेरिका को ज्यादा खुलापन नहीं देना चाहिए क्योंकि कृषि प्रधान देश होने के कारण ही आने वाले समय में भारत आर्थिक संपन्न हो सकता है। कृषि प्रधान देश भारत आर्थिक संपन्न भी हो सकता है जब वह कृषि में पशुधन और मानवीय लोगों का भरपूर उपयोग करके कृषि को और उन्नत बनाएं ।
उन्होंने कहा कि 1750 में पूरे विश्व में भारत आर्थिक संपन्न था क्योंकि उसे समय भारत की कृषि व्यवस्था बहुत मजबूत थी और आज ठीक उसका उल्टा हो रहा है भारत कृषि और पशुधन उपयोग नहीं करने के कारण क्षेत्र में प्राकृतिक खेती से दूर होता जा रहा है।
संगोष्ठी को संबोधित करते हुए डॉक्टर अनूप कुमार मिश्रा ने कहा कि भारत का अमेरिका से व्यापारिक समझौता कहीं से भी गलत नहीं है । भारत की नीति पूरी तरह से भारतीय समाज के हित को लेकर है और इससे भारत कोई समझौता नहीं करेगा।
संगोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए प्रोफेसर आध्या प्रसाद पांडे ने कहा कि भारत और अमेरिका का व्यापार समझौता आज के परिस्थितियों को देखते हुए बिल्कुल सही है और इस बार का देश का बजट भी आम जनमानस को देखते हुए भारत सरकार ने जो पेश किया इस बजट में समाज के अंतिम व्यक्ति के विकास का भी भरपूर ध्यान रखा गया हैन। इस अवसर पर प्रोफेसर अनूप कुमार मिश्र अपनी तीन पुस्तक अतिथियों को भेंट की जिसमें प्रमुख रूप से स्वदेशी अर्थनीति,शताब्दी पथ पर राष्ट्र निर्माण व जर्नल ऑफ इकोनॉमिक्स एंड कॉमर्स थी। संचालन स्वदेशी जागरण मंच की काशी महानगर की संयोजिका कविता मालवीय ने किया धन्यवाद विजय मिश्रा ने किया।
इस अवसर चार्टर्ड अकाउंटेंट जमुना शुक्ला, कृषि वैज्ञानिक आनंद प्रकाश सिंह वरुण अग्रवाल सहित काफी संख्या में काशी हिंदू विश्वविद्यालय के छात्र एवं अध्यापक उपस्थित थे।
