
रिपोर्ट :-उपेन्द्र कुमार पांडेय
आज़मगढ़। देश के निजी स्कूलों में व्याप्त कथित अराजकता, भारी भरकम फीस वृद्धि और कमीशनखोरी के सिंडिकेट के खिलाफ आजाद अधिकार सेना ने मोर्चा खोल दिया है। गुरुवार को संगठन के कार्यकर्ताओं ने देशव्यापी आह्वान के तहत जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया और जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को संबोधित एक 5 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे जिलाध्यक्ष अशोक सिंह ने तीखे शब्दों में कहा कि नया एडमिशन सत्र शुरू होते ही अभिभावकों की कमर टूटनी शुरू हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि: निजी स्कूल निजी पब्लिकेशन की किताबों की आड़ में अभिभावकों से मोटी रकम वसूल रहे हैं। फीस में बेतहाशा वृद्धि कर आम नागरिक को मानसिक और आर्थिक क्षति पहुंचाई जा रही है।शासन-प्रशासन में गहरी पैठ रखने वाले “शिक्षा माफिया” के आगे सरकारें मूकदर्शक बनी हुई हैं। ऐसे में आजाद अधिकार सेना शिक्षा व्यवस्था में सुधार और भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने के लिए राष्ट्रपति से हस्तक्षेप की मांग करती है। कहा कि यह केवल प्रदर्शन नहीं, बल्कि उन लाखों अभिभावकों की आवाज है जो अपने बच्चों के भविष्य के लिए इस ‘शिक्षा व्यापार’ के आगे घुटने टेकने को मजबूर हैं। यदि इन मांगों पर अविलंब कार्रवाई नहीं की गई, तो आगामी दिनों में आंदोलन को और भी उग्र रूप दिया जाएगा। इस दौरान बद्री सिंह, सुदर्शन, प्रियंश कुमार पाण्डेय, संजय त्रिपाठी, संतोष पाण्डेय, संजय गौतम आदि रहे।
