
महान समाजवादी चिंतक डॉ. राममनोहर लोहिया की पुण्यतिथि मनाई गई
वाराणसी। समाजवादी पार्टी कार्यालय अर्दली बाजार में वंचित समाज की आवाज और महान समाजवादी चिंतक डॉ. राममनोहर लोहिया की पुण्यतिथि मनाई गई। इस अवसर पर उनके जीवन दर्शन पर एक विचारगोष्ठी का आयोजित हुआ। वक्ताओं ने कहा कि डॉ. लोहिया एक गांधीवादी चिंतक, राजनीतिक इतिहासकार, अर्थशास्त्री, दार्शनिक तथा विख्यात लेखक थे। वे क्रांतिकारी थे लेकिन उनके विचारों में असाधारण रचनात्मकता थी। अध्यक्षता करते हुए जिलाध्यक्ष सुजीत यादव लक्कड़ ने कहा कि लोहिया के विचार आज भी प्रासंगिक हैं। दलितों, पिछड़ों व असहायों के उत्थान के लिए लोहिया के दिखाए मार्ग का अनुसरण करने की जरूरत है। तभी दबे-कुचले लोग विकास की धारा से जुड़ पाएंगे। वे न केवल एक कुशल राजनेता थे, बल्कि एक अच्छे दार्शनिक भी थे। देश में सामाजिक परिवर्तन लाने के लिए उन्होंने जमकर संघर्ष किया। इतना ही नहीं वे असामाजिक व सांप्रदायिक ताकतों से जीवन पर्यंत जूझते रहे।
वरिष्ठ नेता डॉ. उमाशंकर सिंह यादव ने कहा कि उन्होंने देश की आजादी के लिए अपने को समर्पित कर रखा था और गांधी जी के साथ कूद पड़े। मैनकाइंड नामक पत्रिका प्रारंभ कर लोगों के बीच क्रांति लाने का काम किए थे। जिला प्रवक्ता संतोष यादव बबलू एडवोकेट ने कहा कि आज उनके संघर्ष, त्याग व तपस्या से सीख लेते हुए समाज के पिछड़े, दलित व वंचित वर्ग के विकास के लिए मिलकर प्रयास करना होगा। क्योंकि सत्ता में बैठे लोग देश के सद्भाव को बिगाड़ने का प्रयास कर रहे हैं। ऐसे लोगों से समाज को सावधान रहने की जरूरत है। पूर्व महानगर अध्यक्ष विष्णु शर्मा ने कहा कि आज के अनैतिकता, भ्रष्टाचार और पाखंड के दौर में उन्हें याद करना आत्मबल देने वाला है संचालन जिला प्रवक्ता संतोष यादव बबलू एडवोकेट एवं धन्यवाद ज्ञापन पूर्व महानगर अध्यक्ष विष्णु शर्मा ने किया। इस अवसर पर डॉ. आनंद प्रकाश तिवारी, विजय टाटा,रामकुमार यादव, ऊदल पटेल, केशर यादव, नन्दलाल कन्नौजिया, संजय पहलवान, सत्यनारायण यादव, अरुण कुमार, सचिन प्रजापति, डॉ. कुलदीप कुमार, आरती यादव, काशीनाथ यादव, लक्ष्मी नारायण पटेल, योगेंद्र कुमार, राजू कुमार, धर्मवीर पटेल व विनोद शुक्ला ने विचार व्यक्त किए।
